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भारत के अलावा अन्य किस देशो में हिंदी बोली जाती है


भारत के अलावा अन्य किस देशो में हिंदी बोली जाती है


हिंदी जिन देशों में बोली जाती है उनमें पाकिस्तान, भूटान, नेपाल, बांग्लोदश, श्रीलंका, मालदीव, म्यांमार, इंडोनेशिया, सिंगापुर, थाईलैंड, चीन, जापान, ब्रिटेन, जर्मनी, न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका, मॉरिशस, यमन, युगांडा और त्रिनाड एंड टोबैगो, कनाडा आदि देश शामिल हैं ।

भारत में आधिकारिक भाषाएँ 22 बोली जाती है 


22 भाषाओं के नाम भारत में असम, बंगाली, बोडो, डोगरी, गुजराती, हिंदी, कन्नड़, कश्मीरी, कोंकणी, मैथिली, मलयालम, मणिपुरी, मराठी, नेपाली, उड़िया, पंजाबी, संस्कृत, संथाली, सिंधी, तमिल, तेलुगु और उर्दू की 22 आधिकारिक भाषाएँ हैं।

राष्ट्रीय पार्क की सूची, सम्बंधित प्र्श्न

राष्ट्रीय पार्क की सूची

 

राज्य

राष्ट्रीय उद्यान

राजस्थान 

1. केवला देवी राष्ट्रीय उद्यान 
2. रणथ्मभोर राष्ट्रीय पार्क 
3. सरिस्का राष्ट्रीय उद्यान 
4. डैजर्ट राष्ट्रीय पार्क
5. दर्रा राष्ट्रीय पार्क
6. घना पक्षी राष्ट्रीय पार्क
7. केवला देवी राष्ट्रीय पार्क
8. ताल छापर अभ्यारण्य 
9. माउंट आबू वाईल्ड लाइफ सैंचुरी

मध्य प्रदेश 

1. कान्हा राष्ट्रीय पार्क 
2. पेंच राष्ट्रीय पार्क 
3. पन्ना राष्ट्रीय पार्क 
4. सतपुड़ा राष्ट्रीय पार्क 
5. वन विहार पार्क 
6. रुद्र सागर झील राष्ट्रीय पार्क 
7. बांधवगढ नेशनल पार्क 
8. संजय नेशनल पार्क 
9. माधव राष्ट्रीय पार्क
10. कुनो नेशनल पार्क 
11. माण्डला प्लांट फौसिल राष्ट्रीय पार्क

अरुणाचल प्रदेश 

1. नामदफा राष्ट्रीय पार्क

हरियाणा 

 

1. सुलतानपुर राष्ट्रीय पार्क 
2. कलेशर राष्ट्रीय पार्क

उत्तर प्रदेश

  1. दुधवा राष्ट्रीय पार्क 
2. चन्द्रप्रभा वन्यजीव विहार

झारखंड

1. बेतला राष्ट्रीय पार्क 
2. हजारीबाग राष्ट्रीय पार्क
3. धीमा राष्ट्रीय पार्क

मणिपुर 

1. कीबुल लामजाओ नेशनल पार्क
2. सिरोही राष्ट्रीय पार्क

सिक्किम

1. कंचनजंगा राष्ट्रीय पार्क

त्रिपुरा 

1. क्लाउडेड राष्ट्रीय पार्क

तमिलनाडु 

1. गल्फ आफ मनार राष्ट्रीय पार्क 
2. इन्दिरा गांधी ( अन्नामलाई ) राष्ट्रीय पार्क
3. प्लानी हिल्स राष्ट्रीय पार्क
4. मुकुरूथी नेशनल पार्क 
5. गुनीडे नेशनल पार्क

ओडिसा

 1. भीतरगनिका राष्ट्रीय पार्क 
2. सिंमली राष्ट्रीय पार्क 
3. नन्दनकानन राष्ट्रीय चिड़ीयाघर 
4. चिल्का झील अभयारण्य

मिजोरम 

1. माउन्टेन राष्ट्रीय पार्क 
2. मुरलेन राष्ट्रीय पार्क 
3. फांगपुई नेशनल पार्क 
4. डाम्फा अभ्यारण्य

जम्मू-कश्मीर 

 

1. दाचीग्राम राष्ट्रीय पार्क 
2. सलीम अली राष्ट्रीय पार्क 
3. किस्तवाड़ राष्ट्रीय पार्क
4. जैव मण्डल रीजर्व , श्रीनगर

लद्दाख

1.हेमिस राष्ट्रीय पार्क (सबसे बड़ा)

पश्चिम बंगाल 

1. सुन्दरवन राष्ट्रीय पार्क
2. बुक्सा राष्ट्रीय पार्क
3. जलधपारा राष्ट्रीय पार्क
4. गोरूवारा राष्ट्रीय पार्क
5. सिंघालिला राष्ट्रीय पार्क
6. नियोरा वैली नेशनल पार्क

असम

1. मानस राष्ट्रीय पार्क 
2. काजीरंगा राष्ट्रीय पार्क 
3. नामेरी राष्ट्रीय पार्क
4. ओरांग पार्क 
5. डिब्रूगढ़ शेखोवाल राष्ट्रीय पार्क
6.दिहांग पटकई राष्ट्रीय पार्क
7.रायमोना नेशनल पार्क

आंध्र प्रदेश

1. कसरू ब्रह्मानंदा रेड्डी नेशनल पार्क 
2. इन्दिरा गाँधी प्राणी विज्ञान पार्क 
3. मरूगवामी नेशनल पार्क 
4. श्री वेंकटेश्वरम राष्ट्रीय पार्क
5. कावला राष्ट्रीय पार्क
6. नागार्जुन सागर राष्ट्रीय पार्क
7. नेलापत्तु पक्षी राष्ट्रीय पार्क

महाराष्ट्र 


1. बोरीवली ( संजय गांधी ) राष्ट्रीय पार्क 
2. चांदोली राष्ट्रीय पार्क 
3. तबोड़ा राष्ट्रीय पार्क
4. गुग्गामल राष्ट्रीय पार्क
5. नवागांव राष्ट्रीय पार्क
6. तन्सा नेशनल पार्क, थाणे 
7. मेलघाट राष्ट्रिय अभ्यारण्य

अण्डमान-निकोबार 

1. सैडिल पीक राष्ट्रीय उद्यान 
2. महात्मा गाँधी मैरीन ( वंदूर ) राष्ट्रीय उद्यान 
3. माऊंट हैरिट नेशनल पार्क 
4. रानी झांसी मैरीन राष्ट्रीय पार्क
5.साउथ बटन नेशनल पार्क (सबसे छोटा)

हिमाचल प्रदेश 

1. पिन वैली पार्क 
2. ग्रेट हिमालय राष्ट्रीय पार्क 
3. रोहल्ला राष्ट्रीय पार्क 
4. खीरगंगा नेशनल पार्क
5. सीमलबरा राष्ट्रीय पार्क

गुजरात 

1. गिर राष्ट्रीय पार्क 
2. मरीन राष्ट्रीय पार्क 
3. ब्लेक बुक राष्ट्रीय पार्क 
4. गल्फ आफ कच्छ 

उत्तराखण्ड 

1. जिम कार्बेट राष्ट्रीय पार्क 
2. फूलों की घाटी राष्ट्रीय पार्क 
3. नन्दा देवी राष्ट्रीय पार्क 
4. राजाजी नेशनल पार्क 
5. गोविन्द पासू विहार नेशनल पार्क 
6. गंगोत्री राष्ट्रीय पार्क

छत्तीसगढ 

1. कांगेर घाटी ( कांगेर वैली ) राष्ट्रीय पार्क 
2. इन्द्रावती राष्ट्रीय पार्क 
3. गुरू घासीदास ( संजय ) राष्ट्रीय उद्यान

केरल 

1. साइलेंट वैली राष्ट्रीय पार्क 
2. पेरियार नेशनल पार्क 
3. मैथीकेतन नेशनल पार्क 
4. अन्नामुदाई नेशनल पार्क 
5. एर्नाकुलम नेशनल पार्क

कर्नाटक 

1. बांदीपुर राष्ट्रीय पार्क 
2. नागरहोल ( राजीव गांधी ) राष्ट्रीय उद्यान 
3. अंसी राष्ट्रीय पार्क
4. बनेरघाटला नेशनल पार्क 
5. कुडूरमुख नेशनल पार्क 
6. तुंगभद्रा राष्ट्रीय पार्क

पंजाब 

1. हरिकै वैटलैण्ड नेशनल पार्क

तेलंगाना 

1. महावीर हरीना वनस्थली नेशनल पार्क 
2. किन्नरसानी अभ्यारण्य

गोआ 

1. सलीम अली बर्ड सैंचुरी 
2. नेत्रावली वन्यजीव पार्क 
3. चौरा राष्ट्रीय पार्क
4. भगवान महावीर नेशनल पार्क

बिहार 

1. वाल्मिकी नेशनल पार्क 
2. विक्रमसिला गंगटिक डॉल्फिन सैंचुरी 
3. कंवर लेक बर्ड सैंचुरी

 

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राष्ट्रीय उद्यान क्या है ?

·      विलुप्त होने वाली या खतरे वाली प्रजातियों की के संरक्षण के लिए सरकार द्वारा राष्ट्रीय उद्यान बनाए जाते हैं, जिसमें किसी भी प्रकार की मानवीय गतिविधि नहीं होती हैं | भारत में वर्तमान में कुल 105 राष्ट्रीय पार्क है | 

·      राष्ट्रीय उद्यान से संबंधित महत्वपूर्ण तथ्य

·      भारत का सबसे बड़ा राष्ट्रीय उद्यान, हेमिस राष्ट्रीय उद्यान है, जोकि लद्दाख केंद्र शासित प्रदेश में स्थित है |

·      भारत का सबसे छोटा राष्ट्रीय उद्यान साउथ बटन राष्ट्रीय उद्यान है, जोकि अंडमान निकोबार द्वीप समूह केंद्र शासित प्रदेश में स्थित है |

·      एशियाई शेर गिर राष्ट्रीय उद्यान गुजरात में पाए जाते हैं |

·      रॉयल बंगाल टाइगर प्राकृतिक स्थान सुंदरवन राष्ट्रीय उद्यान है |

·      भारत का पहला राष्ट्रीय उद्यान जिम कार्बेट राष्ट्रीय उद्यान है, जिसकी स्थापना 1936 में की गई थी  और यह उत्तराखंड राज्य में स्थित है |

·      स्वतंत्रता के बाद पहली बार भारत में कूनो नेशनल पार्क में चिता को लाया जाएगा |

·      भारत में सबसे ज्यादा बाघ मध्य प्रदेश में स्थित है, उसके बाद कर्नाटक में  है |

·      भारत में सबसे ज्यादा राष्ट्रीय उद्यान मध्य प्रदेश राज्य में है, मध्य प्रदेश में कुल 11 राष्ट्रीय उद्यान है |

·      असम राज्य में हाल ही में दो नए राष्ट्रीय उद्यानों को मान्यता दी गई हैं, जिनके नाम हैं – 1.दिहांग पटकाई राष्ट्रीय अभ्यारण और 2.रायमोना नेशनल पार्क |

इंटरनेट रिले चैट (IRC) क्या है

राष्ट्रीय उद्यान का क्या अर्थ होता है ?

·      राष्ट्रीय उद्यान एक ऐसा संरक्षित क्षेत्र होता है, जिसका उद्देश्य प्राकृतिक वनस्पति और जानवरों का संरक्षण करना होता  है, जिनके जीवन पर विलुप्त होने का खतरा है |

·      भारत में कुल कितने राष्ट्रीय उद्यान है 2021 ?

·      वर्तमान में भारत में कुल राष्ट्रीय उद्यानों की संख्या 105 है | इन सभी राष्ट्रीय उद्यानों की सूची हमने आपको यहां पर उपलब्ध करवाई है | अभी असम राज्य में रायमोना नेशनल पार्क को नया राष्ट्रीय उद्यान बनाया गया है |

 

भारत का प्रथम राष्ट्रीय उद्यान कब बना ?

·      भारत का प्रथम राष्ट्रीय उद्यान जिम कार्बेट राष्ट्रीय उद्यान है, जिसको  हेली राष्ट्रीय उद्यान भी कहा जाता था | इसकी स्थापना 1936 में हुई थी |

·      भारत का पहला समुद्री राष्ट्रीय उद्यान कौन सा है ?

·      भारत का पहला समुद्री राष्ट्रीय उद्यान गुजरात में स्थित मरीन राष्ट्रीय उद्यान है, जो कि कच्छ के रण में स्थित है | 

·      भारत का पहला गोल्डन टाइगर कहां पर देखा गया था ?

·      काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में भारत का पहला गोल्डन टाइगर देखा गया था और यह टाइगर भारत का एकमात्र टाइगर  है |

 

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राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन विश्‍वविद्यालय National University of Educational Planning and Administration (NUEPA)


राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन विश्‍वविद्यालय

National University of Educational Planning and Administration (NUEPA)

 

राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन विश्‍वविद्यालय (National University of Educational Planning and Administration (NUEPA / न्‍यूपा), शैक्षिक योजना और प्रशासन के क्षेत्र में केन्द्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा स्‍थापित भारत ही नहीं दक्षिण एशिया का प्रमुख संगठन है जो शैक्षिक योजना एवं प्रबंधन के क्षेत्र में क्षमता विकास और शोध कार्य में संलग्‍न है। शैक्षिक योजना एवं प्रशासन के क्षेत्र में इसके द्वारा किए जा रहे कार्यों को देखते हुए भारत सरकार ने अगस्‍त 2006 में इसका उन्‍नयन करके मानद विश्‍वविद्यालय का दर्जा प्रदान किया ताकि यह स्‍वयं उपाधि प्रदान कर सके। अन्‍य केंद्रीय विश्‍वविद्यालयों के समान न्‍यूपा भारत सरकार द्वारा पूर्णत: वित्‍तपोषित है।

आरम्भ में न्‍यूपा की स्‍थापना 1962 में एशिया तथा प्रशान्त क्षेत्र के शैक्षिक योजनाकारों, प्रशासकों और पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण के लिए एशिया क्षेत्र के यूनेस्‍को केंद्र के रूप में की गई थी जिसे 1965 में एशियाई शैक्षिक योजना एवं प्रशासन संस्‍थान बना दिया गया। इसके 4 वर्ष बाद भारत सरकार ने इसका अधिग्रहण कर लिया और इसका नाम 'राष्ट्रीय शैक्षिक योजनाकार एवं प्रशासक कालेज' रख दिया गया। राष्ट्रीय शैक्षिक योजनाकार एवं प्रशासक कालेज की बढ़ती भूमिकाओं और कार्यकलापों, विशेषकर क्षमता विकास, शोध और सरकारों को दी जा रही व्‍यवसायिक समर्थनकारी सेवाओं को ध्‍यान में रखते हुए 1979 में पुन: इसका नाम बदलकर राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन संस्‍थान (नीपा) कर दिया गया।

राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन विश्‍वविद्यालय (न्‍यूपा) में 10 विभाग हैं। इनमें प्रतिष्‍ठित बहुशास्‍त्रीय संकाय है। विश्‍वविद्यालय का पुस्‍तकालय बहुत समृद्ध है। इसमें शैक्षिक योजना एवं प्रशासन से संबंधित महत्‍वपूर्ण पुस्‍तकें, राष्‍टूीय और अंतर्राष्‍टूीय जर्नल और सरकारी दस्‍तावेज़ उपलब्‍ध हैं। विश्‍वविद्यालय अपने बहुआयामी गतिविधियों के अलावा शिक्षा नीति, योजना और प्रशासन के क्षेत्र में अंतर-शास्‍त्रीय समाजविज्ञान के परिप्रेक्ष्‍य में एम.फिल., पीएच-डी. और अंशकालिक पीएच-डी. पाठ्यक्रम भी संचालित करता है। न्‍यूपा के शोध कार्यक्रमों में राष्‍टूीय और अंतर्राष्‍टूीय दृष्‍टिकोणों से शिक्षा के सभी स्‍तरों और प्रकारों को शामिल किया जाता है।


 आधुनिक मनोविज्ञान के विकास की प्रमुख घटनाएँ

इतिहास मनोविज्ञान

मनोविज्ञान की परिभाषाएँ

मनोविज्ञान शब्दावली

भारतीय दर्शन में प्रमाण

 दर्शन के विभिन्न संप्रदाय

नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशनल प्लानिंग एंड एडमिनिस्ट्रेशन में आठ अलग-अलग शैक्षणिक विभाग और दो केंद्र हैं जो बेहतर प्रशासन और प्रबंधन के लिए हैं। ये-

 

1.       शैक्षिक योजना विभाग - यह एनआईईपीए के मूलभूत विभाजनों में से एक है। विभाग का मुख्य कार्य सभी स्तरों पर नियोजन के आदानों, प्रक्रियाओं और उत्पादों का एकीकरण है। गरीबी को कम करने और सतत विकास को बढ़ावा देने के साधन के रूप में शिक्षा पर बढ़ते जोर के साथ, विभाग शैक्षिक योजना के विस्तारित दायरे को न केवल वृहद स्तर पर रणनीतिक योजना के संस्थानीकरण को कवर करने पर विचार करता है, बल्कि स्थानीय स्तर की योजना तकनीकों के विकेंद्रीकरण और उपयोग को भी बढ़ावा देता है। जैसे स्कूल मैपिंग, माइक्रो प्लानिंग और शिक्षा में निवेश की गुणवत्ता में सुधार के लिए स्कूल सुधार योजना।[8]

2.       शैक्षिक वित्त विभाग - इस विभाग का कार्य सभी स्तरों पर शिक्षा के आर्थिक और वित्तीय पहलुओं पर अनुसंधान का संचालन और बढ़ावा देना है। विभाग शिक्षा, सार्वजनिक शिक्षण और शिक्षा के निजी वित्तपोषण से संबंधित मुद्दों के आसपास अनुसंधान, शिक्षण और प्रशिक्षण जैसी गतिविधियों पर ध्यान केंद्रित करता है।

3.       विभाग स्कूल और गैर-औपचारिक शिक्षा - यह विभाग स्कूल शिक्षा, गैर-औपचारिक और वयस्क साक्षरता के महत्वपूर्ण मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करता है। भारत में स्कूली शिक्षा के विकास और सुधार के लिए विभिन्न क्षेत्रों में शोध अध्ययन किए जाते हैं। अनुसंधान और विकासात्मक कार्यक्रमों के संचालन के अलावा, विभाग योजनाओं और नीतियों को बनाने और लागू करने में राज्य और केंद्र सरकार को समर्थन प्रदान करता है।

4.       का विभाग शैक्षिक प्रबंधन सूचना प्रणाली - भारत में शिक्षा पर डेटाबेस और प्रबंधन प्रणाली को मजबूत करने के लिए, विभाग अनुसंधान, क्षमता निर्माण गतिविधियों का संचालन करता है और तकनीकी सलाह प्रदान करता है। विभाग ने माध्यमिक शिक्षा की प्रबंधन सूचना प्रणाली को मजबूत करने की जिम्मेदारी भी ली है। इसने देश के सभी स्कूलों पर विस्तृत जानकारी एकत्र करने और संकलित करने के लिए DISE नामक एक सूचना प्रणाली विकसित की है। शिक्षा के लिए जिला सूचना प्रणाली (DISE) 2010-11 से गैर-मान्यता प्राप्त स्कूलों और मान्यता प्राप्त और गैर-मान्यता प्राप्त मदरसों को कवर कर रही है। [Also] विभाग सम्मेलनों, संगोष्ठियों, कार्यशालाओं और अनुसंधानों का भी आयोजन करता है शैक्षिक प्रबंधन सूचना प्रणाली।

5.       शैक्षिक प्रशासन विभाग - यह विभाग प्रशिक्षण और अनुसंधान पर ध्यान केंद्रित करता है शैक्षिक प्रबंधन और शिक्षा में संसाधनों की योजना और प्रबंधन भी।

6.       शैक्षिक नीति विभाग - विभाग की मुख्य गतिविधि प्रशिक्षण, अनुसंधान और प्रसार है। विभाग नीतिगत मुद्दों पर चर्चा को प्रोत्साहित करता है। यह अल्पावधि पाठ्यक्रम भी संचालित करता है।

7.       उच्च और व्यावसायिक शिक्षा विभाग - इस विभाग ने मानव संसाधन विकास मंत्रालय, भारत सरकार को लगातार अनुसंधान सहायता और नीति सलाह प्रदान की है। इसने क्षेत्रीय सम्मेलनों को अकादमिक सहायता प्रदान की है यूनेस्को उच्च शिक्षा और योजना आयोग पर विश्व सम्मेलन के लिए अग्रणी।

8.       शिक्षा में प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण विभाग - इसका मिशन प्रशिक्षण कार्यक्रम और NIEPA के क्षमता-निर्माण की पहल के दायरे और विस्तार का विस्तार करना है। इसका उद्देश्य प्रशिक्षित टीमों के लिए अधिक स्थिर और समर्पित संस्थागत व्यवस्था तैयार करना है, ताकि शैक्षिक नीतियों, योजनाओं और कार्यक्रमों के डिजाइन, कार्यान्वयन, निगरानी और मूल्यांकन में सुधार करने में मदद मिल सके।

9.       उच्च शिक्षा में नीति अनुसंधान केंद्र

10. स्कूल नेतृत्व के लिए राष्ट्रीय केंद्रविश्वकोश  site:hi.wikiqube.net


शैक्षिक पर्यवेक्षण 

मस्कुलर डिस्ट्रोफी Muscular Dystrophy 

कंप्यूटर से सम्बंधित फुल फॉर्म 

कंप्यूटर का इतिहास व जनक

संचार माध्यम, संचार शब्द

संचार माध्यम

संचार के प्रकार

संचार प्रक्रिया क्या है ? संचार प्रक्रिया

आधुनिक समय में संचार के साधन के प्रकार नाम

शिक्षा के क्षेत्र में सूचना संचार का महत्व

मॉडुलन (मॉड्यूलेशन)

सूचना संचार प्रौद्योगिकी की उपयोगिता

सूचना और संचार प्रौद्योगिकी का परिचय

डाटा प्रेषण सेवा Data Transmission Service

यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 | UP TET Application Form 2021 : यहाँ से कर सकेंगे आवेदन

यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 | UP TET Application Form 2021 : यहाँ से कर सकेंगे आवेदन 


यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 : जो उम्मीदवार यूपी टीईटी 2021 के लिए आवेदन पत्र भरना चाहते हैं उनको बता दें कि आवेदन प्रक्रिया  015 जून 2021 से 30 जून 2021 तक पूर्ण की जानी थी जिसे बढ़ते कोरोना संक्रमण के चलते स्थगित कर दिया गया है। आवेदन की नयी तिथियों की घोषणा कोविड-19 परिस्थितियों के अनुसार किया जायेगा। यूपी टीईटी 2021 के लिए आवेदन पत्र यूपी डीएलएड की आधिकारिक

 वेबसाइट https://updeled.gov.in/ पर जारी किये जायेंगे। परीक्षा में शामिल इच्छुक उम्मीदवार, आवेदन जारी होने के बाद इस पेज के माध्यम से भी आवेदन कर सकेंगे। यूपी टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (UPTET) परीक्षा में उत्तीर्ण होने वाले उम्मीदवार शिक्षक बन कर शिक्षा के क्षेत्र में अपना करियर बना सकते हैं।
     UP TET Application Form 2021 से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए आप इस पोस्ट को पूरा पढ़ सकते हैं।

    नवीनतम : यूपी टीईटी 2021 के लिए 15 जून से  होगी आवेदन प्रक्रिया शुरू !

    यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 (UP TET Application Form 2021)

    यूपी टीईटी 2021 के लिए आवेदन पत्र केवल ऑनलाइन माध्यम से भरा जाएगा। आवेदन पत्र भरने के लिए उम्मीदवार के पास अपना मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी होनी जरूरी है। UP TET Application Form 2021 भरने से पहले उम्मीदवार अपनी पात्रता मापदंड अवश्य जांच लें। अगर आप तय किये गए शैक्षिक योग्यता और आयु सीमा को पूरा नहीं करते तो आपके द्वारा किया गया आवेदन रद्द कर दिया जाएगा। नीचे दिए गए टेबल के माध्यम से आप यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 से जुड़ी कुछ महत्वपूर्ण तारीखें देख सकते हैं।


    महत्वपूर्ण तारीखें

    कार्यक्रम

    तारीखें

    अधिसूचना की तारीख

    02 जून 2021

    आवेदन प्रक्रिया शुरू होने की तिथि

    15 जून 2021 

    आवेदन की आखिरी तारीख

    30 जून 2021 

    आवेदन शुल्क जमा करने की आखिरी तारीख

    02 जुलाई 2021 

     प्रिंट निकालने की अंतिम तारीख

    04 जून 2021 

     UPTET Online Forme Here

    आवेदन पत्र – यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 आधिकारिक वेबसाइट https://updeled.gov.in पर जारी किया जाएगा।

    यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 कैसे भरें

    आवेदन पत्र जारी होने के बाद उम्मीदवारों को आवेद न पत्र भरने में परेशानियों का सामना करना पड़ता है लेकिन अब उम्मीदवार हमारे पेज पर दिये गये सरल स्टेप्स को फॉलो करके आवेदन पत्र आसानी भर सकेंगे ।

    • आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों को सबसे पहले इस पेज में दिए गए लिंक पर क्लिक करना होगा।
    • इसके अलावा उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट पर जा कर भी आवेदन कर सकते हैं।
    • आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के बाद सबसे पहले होम पेज खुलेगा।
    • होम पेज पर उम्मीदवारों को यूपी टीईटी 2021 का लिंक दिखाई देगा ।
    • लिंक ओपन होने के बाद उम्मीदवार यूपी टीईटी 2021 के लिए आवेदन पत्र पर लिंक पर क्लिक करें ।
    • अब उम्मीदवारों को यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 प्राप्त होगा ।
    • आवेदन पत्र प्राप्त होने के बाद उम्मीदवार आवेदन पत्र में मांगी गई जानकारी को सही से जांच लें उसके बाद ही आवेदन पत्र भरें ।
    • आवेदन पत्र में मांगी गई जानकारी को भरने के बाद उम्मीदवार सबमिट करें ।
    • अब उम्मीदवार आवेदन पत्र का प्रिंट आउट निकाल लें ।

    आवेदन शुल्क

    केटेगरी

    पेपर-1 या पेपर-2 के लिए

    दोनों पेपर के लिए

    जनरल/ओबीसी

    600

    1200

    एससी/एसटी

    400

    800

    पीडबल्यूडी

    100

    200

     

    उम्मीदवारों की जानकारी के लिए बता दें कि यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 भरने के बाद आवेदन शुल्क का भुगतान भी करना होगा। उम्मीदवार आवेदन फीस 02 जून 2021 तक जमा कर सकेंगे। उम्मीदवार शुल्क का भुगतान नेट बैंकिंग, क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड आदि के माध्यम से भर सकेंगे।

    यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 के लिए निम्न चीजों को किया जायेगा शामिल

    • रजिस्ट्रेश प्रकिया
    • योग्यता
    • डाक्यूमेंट
    • आवेदन शुल्क
    • हस्ताक्षर
    • 10वीं और 12वीं की मार्कशीट
    • आधार कार्ड, पैन कार्ड आदि ।

    यूपी टीईटी आवेदन पत्र 2021 और जरूरी डॉक्यूमेंट्स

    जो उम्मीदवार आवेदन करेंगे उन्हें अपने आवेदन पत्र के साथ कुछ जरूरी डॉक्यूमेंट्स की स्कैन कॉपी भी अपलोड करनी होगी जैसेः-

    • फोटो – 3.5 x 4.5 cm (max 20 kb)
    • सिग्नेचर – max 20 kb (2 to 10 kb)

    यूपी टीईटी योग्यता मापदंड 2021

    कक्षा 1 से 5 तक शिक्षक योग्यता
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन तथा दो वर्षीय डीएलएड (बीटीसी) उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन तथा डिस्टेंस लर्निंग से अप्रशिक्षित व स्नातक शिक्षामित्रों का दो वर्षीय डीएलएड (बीटीसी) उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन तथा शिक्षा शास्त्र में दो वर्षीय डिप्लोमा (डी.एड) उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से न्यूनतम 50% अंकों के साथ स्नातक / परास्नातक और बी.एड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से न्यूनतम 45% अंकों के साथ ग्रेजुएशन / पोस्ट ग्रेजुएशन तथा बी.एड। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन तथा यूपी में संचालित दो वर्षीय बीटीसी उर्दू विशेष प्रशिक्षण उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • न्यूनतम 50% अंकों के साथ इंटरमीडिएट अथवा समकक्ष तथा चार वर्षीय बी.एल.एड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो।

    कक्षा 6 से 8 तक शिक्षक पात्रता के लिए अर्हता

    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन तथा दो वर्षीय डीएलएड (बीटीसी) उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से न्यूनतम 50% अंकों के साथ ग्रेजुएशन / पोस्ट ग्रेजुएशन और बी.एड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से न्यूनतम 45% अंकों के साथ ग्रेजुएशन / पोस्ट ग्रेजुएशन तथा बी.एड। अथवा
    • न्यूनतम 50% अंकों के साथ इंटरमीडिएट अथवा समकक्ष तथा चार वर्षीय बी.ए.एड / बी.ए.बीएड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • न्यूनतम 50% अंकों के साथ इंटरमीडिएट अथवा समकक्ष तथा चार वर्षीय बी.एस.सी.एड /बी.एस.सी.एड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो। अथवा
    • न्यूनतम 50% अंकों के साथ इंटरमीडिएट अथवा समकक्ष तथा चार वर्षीय बी.एल.एड उत्तीर्ण या अंतिम वर्ष में हो।

    यूपी टीईटी एडमिट कार्ड 2021

    जो भी उम्मीदवार यूपी टीईटी 2021 के लिए आवेदन पत्र भरेंगे उन उम्मीदवारों का एडमिट कार्ड जारी किया जायेगा । एडमिट कार्ड उम्मीदवारों को ऑनलाइन प्राप्त होंगे । UPTET 2021 Admit Card उन उम्मीदवारों को प्राप्त होगा जिन्होंने आवेदन पत्र समाप्त होने कि अंतिम तिथि तक आवेदन पत्र भरा होगा और आवेदन शुल्क का किया होगा । UPTET Admit Card लिखित परीक्षा में ले जाना बेहद जरुरी है यदि उम्मीदवार यूपी टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट 2021 में एडमिट कार्ड ले जाना भूल जाते हैं तो वह परीक्षा नहीं दे सकेंगे।

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